नवकोटी नारायण जपार्चन
नवयोगियों ने तिरुनावामुकुंद मंदिर की स्थापना की थी 250 वर्षों के बाद जब यह महा माघ महोत्सव उसी प्राचीन धार्मिक वैभव के साथ लौट रहा है, तो विश्व कल्याण के लिए, नवयोगियों को श्रद्धा सहित स्मरण करते हुए, नौ करोड़ बार “ओम नमो नारायणाय” इस भगवद नाम के जाप से महा माघ महोत्सव पंडाल गुंजित होगा
अर्थात्, बिना किसी रुकावट के, सुबह से रात तक कई लोग एक साथ बैठकर नारायण नाम का जप करेंगे इसमें कोई भी भाग ले सकता है। जो तिरुनावाय में सीधे नहीं पहुँच सकते, वे भी इसी संकल्प के साथ दुनिया के किसी भी कोने से नारायण नाम का जप कर इसमें भाग ले सकते हैं
नामजप की संख्या कोई बाध्यता नहीं है। पूरे विश्व का एक ही मन होकर अखंड नारायण जप में सम्मिलित होना है
नवकोटी नारायण जपार्चन
महामाघ के आयोजन का समन्वय केरल के भागवत आचार्यों के सामूहिक मंच, भागवत योगम् द्वारा किया जा रहा है। योगम् के आचार्य प्रतिदिन होने वाले जप का नेतृत्व करेंगे।